दूर Poetry (page 20)

दिल लज़्ज़त-ए-निगाह करम पा के रह गया

शकील बदायुनी

बस इक निगाह-ए-करम है काफ़ी अगर उन्हें पेश-ओ-पस नहीं है

शकील बदायुनी

अब तक शिकायतें हैं दिल-ए-बद-नसीब से

शकील बदायुनी

आँखों से दूर सुब्ह के तारे चले गए

शकील बदायुनी

आदमी न इतना भी दूर हो ज़माने से

शकील बदायुनी

झूटी मोहब्बत

शकील आज़मी

वो सामने था फिर भी कहाँ सामना हुआ

शकेब जलाली

मीठे चश्मों से ख़ुनुक छाँव से दूर

शकेब जलाली

मैं शाख़ से उड़ा था सितारों की आस में

शकेब जलाली

क्या जानिए मंज़िल है कहाँ जाते हैं किस सम्त

शकेब जलाली

ख़मोशी बोल उठ्ठे हर नज़र पैग़ाम हो जाए

शकेब जलाली

कनार-ए-आब खड़ा ख़ुद से कह रहा है कोई

शकेब जलाली

जिस दम क़फ़स में मौसम-ए-गुल की ख़बर गई

शकेब जलाली

जहाँ तलक भी ये सहरा दिखाई देता है

शकेब जलाली

हम-जिंस अगर मिले न कोई आसमान पर

शकेब जलाली

ग़म-ए-दिल हीता-ए-तहरीर में आता ही नहीं

शकेब जलाली

बेजा नवाज़िशात का बार-ए-गराँ नहीं

शकेब जलाली

बस इक शुआ-ए-नूर से साया सिमट गया

शकेब जलाली

आया है हर चढ़ाई के बा'द इक उतार भी

शकेब जलाली

साथ ग़ुर्बत में कोई ग़ैर न अपना निकला

शकेब बनारसी

देखूँ हूँ तुझ को दूर से बैठा हज़ार कोस

शैख़ ज़हूरूद्दीन हातिम

शैख़ तू तो मुरीद-ए-हस्ती है

शैख़ ज़हूरूद्दीन हातिम

किस सितमगर का गुनाहगार हूँ अल्लाह अल्लाह

शैख़ ज़हूरूद्दीन हातिम

जो मय-ख़ाने में जाता था क़दम रखते झिझकता था

शैख़ ज़हूरूद्दीन हातिम

इश्क़ के शहर की कुछ आब-ओ-हवा और ही है

शैख़ ज़हूरूद्दीन हातिम

इस वास्ते निकलूँ हूँ तिरे कूचे से बच बच

शैख़ ज़हूरूद्दीन हातिम

इस दौर के असर का जो पूछो बयाँ नहीं

शैख़ ज़हूरूद्दीन हातिम

गर भला मानस है तो ख़ंदों से तू मिल मिल न हँस

शैख़ ज़हूरूद्दीन हातिम

देखना उस की तजल्ली का जिसे मंज़ूर है

शैख़ ज़हूरूद्दीन हातिम

दर्द-ए-दिल मेरी आह से पूछो

शैख़ ज़हूरूद्दीन हातिम

Collection of Hindi Poetry. Get Best Hindi Shayari, Poems and ghazal. Read shayari Hindi, poetry by famous Hindi and Urdu poets. Share poetry hindi on Facebook, Whatsapp, Twitter and Instagram.