दिल Poetry (page 154)

जो ख़्वाब मेरे नहीं थे मैं उन को देखता था

साबिर वसीम

गुल ओ महताब लिखना चाहता हूँ

साबिर वसीम

इक सफ़र पर उसे भेज कर आ गए

साबिर वसीम

तेरी याद मेरी भूल

साबिर दत्त

ख़्वाब

साबिर दत्त

फ़नकार

साबिर दत्त

और मोड़ ने कहा

साबिर दत्त

फूल बिखराती हर इक मौज-ए-हवा आती है

साबिर दत्त

हैरान हूँ दो आँखों से क्या देख रहा हूँ

साबिर दत्त

हँस हँस के उस से बातें किए जा रहे हो तुम

साबिर

वो और होंगे नुफ़ूस बे-दिल जो कहकशाएँ शुमारते हैं

साबिर

मुख़्तसर ही सही मयस्सर है

साबिर

आहिस्ता बोलिएगा तमाशा खड़ा न हो

साबिर

ये दिल की दास्तान है कि दिल ग़ुलाम कर दिया

सबीहा सबा, पाकिस्तान

तू नहीं है तो मिरी शाम अकेली चुप है

सबीहा सबा, पाकिस्तान

जो भी होगा वार देखा जाएगा

सबीहा सबा, पाकिस्तान

जान गए तो मान लिया

सबीहा सबा, पाकिस्तान

ग़मों से अपने कोई शख़्स चूर होता है

सबीहा सबा, पाकिस्तान

इक तिरी याद से यादों के ख़ज़ाने निकले

सबीहा सबा, पाकिस्तान

दिल में आ जा दिलबर साईं

सबीहा सबा, पाकिस्तान

अजब सी बे-कली से चूर कोई

सबीहा सबा, पाकिस्तान

अगर नहीं है इजाज़त सवाल मत करना

सबीहा सबा, पाकिस्तान

ये सैल-ए-अश्क मुझे गुफ़्तुगू की ताब तो दे

सबिहा सबा, न्यूयार्क

बे-ख़याली में तख़्लीक़

सबीला इनाम सिद्दीक़ी

बस अना को बहाल रखना है

सबीला इनाम सिद्दीक़ी

अदाकार चेहरे

सबीला इनाम सिद्दीक़ी

वो इस अदा से दुआ करेगा

सबीला इनाम सिद्दीक़ी

वो आलम तिश्नगी का है सफ़र आसाँ नहीं लगता

सबीला इनाम सिद्दीक़ी

रक्खे हर इक क़दम पे जो मुश्किल की आगही

सबीला इनाम सिद्दीक़ी

मैं दरिया हूँ मगर दोनों तरफ़ साहिल है तन्हाई

सबीला इनाम सिद्दीक़ी

Collection of Hindi Poetry. Get Best Hindi Shayari, Poems and ghazal. Read shayari Hindi, poetry by famous Hindi and Urdu poets. Share poetry hindi on Facebook, Whatsapp, Twitter and Instagram.