सबसे Poetry (page 54)

हम हैं मंज़र सियह आसमानों का है

राजेन्द्र मनचंदा बानी

गुज़र रहा हूँ सियह अंधे फ़ासलों से मैं

राजेन्द्र मनचंदा बानी

ग़ाएब हर मंज़र मेरा

राजेन्द्र मनचंदा बानी

चाँद की अव्वल किरन मंज़र-ब-मंज़र आएगी

राजेन्द्र मनचंदा बानी

अजीब तजरबा था भीड़ से गुज़रने का

राजेन्द्र मनचंदा बानी

न झटको ज़ुल्फ़ से पानी ये मोती टूट जाएँगे

राजेन्द्र कृष्ण

दिल भी इक ज़िद पे अड़ा है किसी बच्चे की तरह

राजेश रेड्डी

आदमी ही के बनाए हुए ज़िंदाँ हैं ये सब

राजेश रेड्डी

ज़िंदगी तू ने लहू ले के दिया कुछ भी नहीं

राजेश रेड्डी

जो कहीं था ही नहीं उस को कहीं ढूँढना था

राजेश रेड्डी

जिस को भी देखो तिरे दर का पता पूछता है

राजेश रेड्डी

है कोई बैर सा उस को मिरी तदबीर के साथ

राजेश रेड्डी

बे-वफ़ाओं को वफ़ाओं का ख़ुदा हम ने कहा

राजेन्द्र नाथ रहबर

दुख से ग़ैरों के पिघलता कौन है

राजेन्द्र कलकल

पार्टीशन

राजा मेहदी अली ख़ाँ

मियाँ के दोस्त

राजा मेहदी अली ख़ाँ

ख़ुद-कुशी

राजा मेहदी अली ख़ाँ

जब शाम जन्नत में हुई

राजा मेहदी अली ख़ाँ

हमें हमारी बीवियों से बचाओ

राजा मेहदी अली ख़ाँ

एक चेहलुम पर

राजा मेहदी अली ख़ाँ

चार बजे

राजा मेहदी अली ख़ाँ

अदीब की महबूबा

राजा मेहदी अली ख़ाँ

आख़िरी गाली

राजा मेहदी अली ख़ाँ

ख़ुश्बू का ज़वाल

राज नारायण राज़

बूँदें पड़ी थीं छत पे कि सब लोग उठ गए

राज नारायण राज़

अशआर रंग रूप से महरूम क्या हुए

राज नारायण राज़

नतशे ने कहा

रईस फ़रोग़

डॉक्टर फ़ानचो

रईस फ़रोग़

सड़कों पे घूमने को निकलते हैं शाम से

रईस फ़रोग़

कितनी ही बारिशें हों शिकायत ज़रा नहीं

रईस फ़रोग़

Collection of Hindi Poetry. Get Best Hindi Shayari, Poems and ghazal. Read shayari Hindi, poetry by famous Hindi and Urdu poets. Share poetry hindi on Facebook, Whatsapp, Twitter and Instagram.