Nazam Poetry (page 2)

प्यादे

मुबश्शिर अली ज़ैदी

लापता

मुबश्शिर अली ज़ैदी

बशारत के कासों में

हामिद जीलानी

इस्तिआ'रा

हारिस ख़लीक़

भगवान-राम

चरख़ चिन्योटी

मुसलमान और हिन्दोस्तान

हिन्दी गोरखपुरी

इंतिज़ार

अभिषेक कुमार अम्बर

हिजरत

नादिया अंबर लोधी

शहर की गलियाँ चराग़ों से भर गईं

जवाज़ जाफ़री

कवी से

गोबिंद प्रसाद

कंगाल

हारिस ख़लीक़

फ़रार कोई नहीं

हारिस ख़लीक़

नसब-नामा

मोईन निज़ामी

वो हातिफ़ की ज़बान में कलाम करने लगी

जवाज़ जाफ़री

आस

ममता तिवारी

सीढ़ियाँ

ग़ौस ख़ाह मख़ाह हैदराबादी

मैं ने बाग़ की जानिब पीठ कर ली

जवाज़ जाफ़री

बाज़-गश्त

अर्श सिद्दीक़ी

याद

एलिज़ाबेथ कुरियन मोना

भए कबीर उदास

हबीब जालिब

रोए भगत कबीर

हबीब जालिब

किसी की सदा

इब्न-ए-सफ़ी

रिवायती मोहब्बत

ममता तिवारी

एज़रा-पउंड की मौत पर

अख़्तर हुसैन जाफ़री

इन्नोसेंस

फ़ाख़िरा बतूल

सलाम लोगो

हबीब जालिब

'मजाज़' की मौत पर

द्वारका दास शोला

शाइ'र की इल्तिजा

फ़ज़लुर्रहमान

मेरा जी चाहता है

हमीदा शाहीन

दश्त-ए-उम्र

काशिफ़ रफ़ीक़