Hope Poetry

हासिल किसी से नक़्द-ए-हिमायत न कर सका

ग़ुलाम हुसैन साजिद

सर पर किसी ग़रीब के नाचार गिर पड़े

ग़ुलाम हुसैन साजिद

ज़मीन मेरी रहेगी न आइना मेरा

ग़ुलाम हुसैन साजिद

अब शहर में कहाँ रहे वो बा-वक़ार लोग

फ़ज़ा इब्न-ए-फ़ैज़ी

जो पहले ज़रा सी नवाज़िश करे है

फ़ारूक़ रहमान

जो मुझ में छुपा मेरा गला घोंट रहा है

फ़हमीदा रियाज़

हिज्र

अज़ीमुद्दीन अहमद

इक्कीसवीं सदी का इश्क़

मर्यम तस्लीम कियानी

मिरी याद तुम को भी आती तो होगी

क़लील झांसवी

दूसरा जन्म

बलराज कोमल

मेरे आसमान के चाँद को ख़बर दो

मर्यम तस्लीम कियानी

कुछ ऐसे वस्ल की रातें गुज़ारी है मैं ने

अमित सतपाल तनवर

न सारे ऐब हैं ऐब और हुनर हुनर भी नहीं

फ़रहत अली ख़ान

मोहब्बतों में मुझे तो उदास रहने दे

फ़रह शाहिद

चले हैं साथ हम अंजान हो कर

फ़रह शाहिद

तिरी शबीह को लिक्खा है रंग-ओ-बू मैं ने

एहतिमाम सादिक़

शम्अ'

मुबश्शिर अली ज़ैदी

नज़्म

मुबश्शिर अली ज़ैदी

प्यादे

मुबश्शिर अली ज़ैदी

लापता

मुबश्शिर अली ज़ैदी

बात में कुछ मगर बयान में कुछ

फ़ारूक़ इंजीनियर

इंतिज़ार

अभिषेक कुमार अम्बर

हिजरत

नादिया अंबर लोधी

शहर की गलियाँ चराग़ों से भर गईं

जवाज़ जाफ़री

मैं ने बाग़ की जानिब पीठ कर ली

जवाज़ जाफ़री

बाज़-गश्त

अर्श सिद्दीक़ी

रिवायती मोहब्बत

ममता तिवारी

एज़रा-पउंड की मौत पर

अख़्तर हुसैन जाफ़री

इन्नोसेंस

फ़ाख़िरा बतूल

सलाम लोगो

हबीब जालिब