गुल Poetry (page 14)

वो सैर-ए-गुल के वास्ते आ ही नहीं रहा

सय्यद काशिफ़ रज़ा

था मगर इतना ज़ियादा तो जुनूँ-ख़ेज़ न था

सय्यद काशिफ़ रज़ा

क़रार दीदा-ओ-दिल में रहा नहीं है बहुत

सय्यद काशिफ़ रज़ा

ख़ुदा हुआ न कोई और ही गवाह हुआ

सय्यद काशिफ़ रज़ा

हक़ किसी का अदा नहीं होता

सय्यद हामिद

पहले से देखना कहीं बेहतर बनाएँगे

सय्यद अमीनुल हसन मोहानी बिस्मिल

शौक़-ए-वारफ़्ता को मलहूज़-ए-अदब भी होगा

सय्यद अमीन अशरफ़

लरज़ रहा था फ़लक अर्ज़-ए-हाल ऐसा था

सय्यद अमीन अशरफ़

ख़िरद ऐ बे-ख़बर कुछ भी नहीं है

सय्यद अमीन अशरफ़

है किस के लिए लुत्फ़ ग़ज़ब किस के लिए है

सय्यद अमीन अशरफ़

हाल-ए-दिल-ए-तबाह किसी ने सुना कहाँ

सय्यद अमीन अशरफ़

गर्दिश-ए-आब-ओ-हवा जानती है

सय्यद अमीन अशरफ़

बे-लुत्फ़ है ये सोच कि सौदा नहीं रहा

सय्यद अमीन अशरफ़

शोला-ए-इश्क़ में जो दिल को तपाँ रखते हैं

सय्यद अहमद शमीम

जागते में रात मुझ को ख़्वाब दिखलाया गया

सय्यद अहमद शमीम

सीने में आग आँख सू-ए-दर लगी रहे

सय्यद अाग़ा अली महर

रंगत उसे पसंद है ऐ नस्तरन सफ़ेद

सय्यद अाग़ा अली महर

नहीं दो क़ुब्बा-ए-पिस्तान शोख़-ओ-शंग सीने पर

सय्यद अाग़ा अली महर

वाइज़-ए-शहर ख़ुदा है मुझे मा'लूम न था

सय्यद आबिद अली आबिद

सब के जल्वे नज़र से गुज़रे हैं

सय्यद आबिद अली आबिद

रेत की तरह किनारों पे हैं डरने वाले

सय्यद आबिद अली आबिद

किसी की इश्वा-गरी से ब-ग़ैर-ए-फ़स्ल-ए-बहार

सय्यद आबिद अली आबिद

दिल का मोआ'मला निगह-ए-आशना के साथ

सय्यद आबिद अली आबिद

दिल है आईना-ए-हैरत से दो-चार आज की रात

सय्यद आबिद अली आबिद

मिरे घर में न होगी रौशनी क्या

स्वप्निल तिवारी

सती

सुरूर जहानाबादी

पदमनी

सुरूर जहानाबादी

गुलज़ार-ए-वतन

सुरूर जहानाबादी

गंगा जी

सुरूर जहानाबादी

बुलबुल ओ परवाना

सुरूर जहानाबादी

Collection of Hindi Poetry. Get Best Hindi Shayari, Poems and ghazal. Read shayari Hindi, poetry by famous Hindi and Urdu poets. Share poetry hindi on Facebook, Whatsapp, Twitter and Instagram.