Love Poetry (page 305)

हसीन-तर

अली सरदार जाफ़री

गुफ़्तुगू (हिन्द पाक दोस्ती के नाम)

अली सरदार जाफ़री

एक ख़्वाब और

अली सरदार जाफ़री

एक बात

अली सरदार जाफ़री

दोस्ती का हाथ

अली सरदार जाफ़री

चाँद को रुख़्सत कर दो

अली सरदार जाफ़री

बम्बई

अली सरदार जाफ़री

बहुत क़रीब हो तुम

अली सरदार जाफ़री

अब भी रौशन हैं

अली सरदार जाफ़री

ये बेकस-ओ-बेक़रार चेहरे

अली सरदार जाफ़री

याद आए हैं अहद-ए-जुनूँ के खोए हुए दिल-दार बहुत

अली सरदार जाफ़री

याद आए हैं अहद-ए-जुनूँ के खोए हुए दिलदार बहुत

अली सरदार जाफ़री

वुफ़ूर-ए-शौक़ की रंगीं हिकायतें मत पूछ

अली सरदार जाफ़री

वो मिरी दोस्त वो हमदर्द वो ग़म-ख़्वार आँखें

अली सरदार जाफ़री

वतन से दूर यारान-ए-वतन की याद आती है

अली सरदार जाफ़री

वही हुस्न-ए-यार में है वही लाला-ज़ार में है

अली सरदार जाफ़री

तुम्हारे ए'जाज़-ए-हुस्न की मेरे दिल पे लाखों इनायतें हैं

अली सरदार जाफ़री

सुब्ह हर उजाले पे रात का गुमाँ क्यूँ है

अली सरदार जाफ़री

सितारों के पयाम आए बहारों के सलाम आए

अली सरदार जाफ़री

शम्अ' का मय का शफ़क़-ज़ार का गुलज़ार का रंग

अली सरदार जाफ़री

शाख़-ए-गुल है कि ये तलवार खिंची है यारो

अली सरदार जाफ़री

शिकस्त-ए-शौक़ को तकमील-ए-आरज़ू कहिए

अली सरदार जाफ़री

शबों की ज़ुल्फ़ की रू-ए-सहर की ख़ैर मनाओ

अली सरदार जाफ़री

सर्द हैं दिल आतिश-ए-रू-ए-निगाराँ चाहिए

अली सरदार जाफ़री

नग़्मा-ए-ज़ंजीर है और शहर-ए-याराँ इन दिनों

अली सरदार जाफ़री

मौसम-ए-रंग भी है फ़स्ल-ए-ख़िज़ाँ भी तारी

अली सरदार जाफ़री

मस्ती-ए-रिंदाना हम सैराबी-ए-मय-ख़ाना हम

अली सरदार जाफ़री

मैं जहाँ तुम को बुलाता हूँ वहाँ तक आओ

अली सरदार जाफ़री

लू के मौसम में बहारों की हवा माँगते हैं

अली सरदार जाफ़री

लग़्ज़िश-ए-गाम लिए लग़्ज़िश-ए-मस्ताना लिए

अली सरदार जाफ़री