Islamic Poetry of Akhtar Saeed Khan

Islamic Poetry of Akhtar Saeed Khan
नामअख़्तर सईद ख़ान
अंग्रेज़ी नामAkhtar Saeed Khan
जन्म की तारीख1923
मौत की तिथि2006

ना-उमीदी हर्फ़-ए-तोहमत ही सही क्या कीजिए

किसी के तुम हो किसी का ख़ुदा है दुनिया में

किस जुर्म-ए-आरज़ू की सज़ा है ये ज़िंदगी

तुम से छुट कर ज़िंदगी का नक़्श-ए-पा मिलता नहीं

मुद्दत से लापता है ख़ुदा जाने क्या हुआ

लब-ए-सुकूत पे इक हर्फ़-ए-बे-नवा भी नहीं

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