Hope Poetry (page 148)
भर नहीं पाया अभी तक ज़ख़्म-ए-कारी हाए हाए
अनीस अंसारी
तिरे गेसुओं के साए में जो एक पल रहा हूँ
अनीस अहमद अनीस
नज़र मिलते ही साक़ी से गिरी इक बर्क़ सी दिल पर
अनीस अहमद अनीस
अब ग़म का कोई ग़म न ख़ुशी की ख़ुशी मुझे
अनीस अहमद अनीस
कोई अदा-शनास-ए-मोहब्बत हमें बताए
अंदलीब शादानी
जहाँ अहद-ए-तमन्ना ख़त्म हो जाए
अंदलीब शादानी
जहाँ अहद-ए-तमन्ना ख़त्म हो जाए
अंदलीब शादानी
हँसती आँखें हँसता चेहरा इक मजबूर बहाना है
अंदलीब शादानी
ख़ुदा जाने दुआ थी या शिकायत लब पे बिस्मिल के
आनंद नारायण मुल्ला
कहने को लफ़्ज़ दो हैं उम्मीद और हसरत
आनंद नारायण मुल्ला
हुस्न के जल्वे नहीं मुहताज-ए-चश्म-ए-आरज़ू
आनंद नारायण मुल्ला
ज़िंदगी गो कुश्ता-ए-आलाम है
आनंद नारायण मुल्ला
निगाह-ओ-दिल का अफ़्साना क़रीब-ए-इख़्तिताम आया
आनंद नारायण मुल्ला
मिरी बातों पे दुनिया की हँसी कम होती जाती है
आनंद नारायण मुल्ला
जब दिल में ज़रा भी आस न हो इज़्हार-ए-तमन्ना कौन करे
आनंद नारायण मुल्ला
जान-ए-अफ़्साना यही कुछ भी हो अफ़्साने का नाम
आनंद नारायण मुल्ला
फ़र्क़ जो कुछ है वो मुतरिब में है और साज़ में है
आनंद नारायण मुल्ला
छुप के दुनिया से सवाद-ए-दिल-ए-ख़ामोश में आ
आनंद नारायण मुल्ला
अरमाँ को छुपाने से मुसीबत में है जाँ और
आनंद नारायण मुल्ला
ये मय-कश कौन बा-सद लग़्ज़िश-ए-मस्ताना आता है
अम्न लख़नवी
कोई हद भी है आख़िर इम्तिहाँ की
अम्न लख़नवी
ज़रा सी देर जले जल के राख हो जाए
अम्मार इक़बाल
यूँही बे-बाल-ओ-पर खड़े हुए हैं
अम्मार इक़बाल
तीरगी ताक़ में जड़ी हुई है
अम्मार इक़बाल
मेरे जैसा इस दुनिया में हो सकता है कौन
अमजद शहज़ाद
उठ
अमजद नजमी
तुम अगर चाहो तो
अमजद नजमी
पेच-ओ-ताब
अमजद नजमी
कारवान-ए-हयात
अमजद नजमी
अफ़्कार-ए-परेशाँ
अमजद नजमी